
संडीला, हरदोई — जनपद के संडीला स्थित ज्ञानधारा इंडस्ट्रीज प्राइवेट लिमिटेड के प्लांट परिसर में किसान एवं वितरक संवाद कार्यक्रम का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें 200 से अधिक किसानों और वितरकों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। कार्यक्रम का उद्देश्य पशुपालकों को आधुनिक तकनीकों, वैज्ञानिक पशु पोषण और बेहतर डेयरी प्रबंधन के प्रति जागरूक करना रहा।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में पहुंचे वरिष्ठ न्यूट्रिशन साइंटिस्ट एवं पूर्व नेशनल डेयरी डेवलपमेंट बोर्ड के विशेषज्ञ डॉ. एम. आर. गर्ग ने पशु आहार के वैज्ञानिक पहलुओं पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि संतुलित और गुणवत्तापूर्ण आहार पशुओं के स्वास्थ्य और दुग्ध उत्पादन दोनों के लिए अत्यंत आवश्यक है। ज्ञानधारा द्वारा तैयार किए जा रहे पशु आहार उत्पाद आधुनिक शोध और विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में बनाए जाते हैं, जिससे पशुपालकों को बेहतर परिणाम मिलते हैं।
वहीं पूर्व संयुक्त निदेशक, पशुपालन विभाग उत्तर प्रदेश डॉ. जे. एन. पांडेय ने किसानों को गर्मी के मौसम में पशुओं की विशेष देखभाल के टिप्स दिए। उन्होंने कहा कि बदलते मौसम के अनुसार पशु आहार में आवश्यक बदलाव करना बेहद जरूरी होता है, जिससे पशुओं की उत्पादकता और स्वास्थ्य दोनों बनाए रखे जा सकते हैं। उन्होंने संतुलित आहार, स्वच्छ पानी और उचित प्रबंधन को डेयरी व्यवसाय की सफलता का आधार बताया।
कंपनी के ऑपरेशनल हेड दुर्गेश अवस्थी ने “फार्मर्स फर्स्ट” की अवधारणा को साझा करते हुए बताया कि कंपनी की मैनेजिंग डायरेक्टर रितु अग्रवाल के नेतृत्व में किसानों की आय बढ़ाने और उन्हें सशक्त बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कंपनी का लक्ष्य केवल उत्पाद बेचना नहीं, बल्कि किसानों के साथ दीर्घकालिक संबंध बनाकर उनके विकास में भागीदार बनना है।
कार्यक्रम के दौरान किसानों और वितरकों के साथ खुला संवाद भी हुआ, जिसमें उनकी समस्याओं को सुना गया और विशेषज्ञों द्वारा समाधान सुझाए गए। इस अवसर पर कंपनी के प्रोडक्शन जीएम हितेंद्रपाल सिंह, सेल्स हेड रेज़ा मोहम्मद खान, राघवेंद्र सेंगर सहित अन्य स्टाफ, विभिन्न क्षेत्रों से आए वितरक और बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
कार्यक्रम ने यह स्पष्ट कर दिया कि यदि वैज्ञानिक जानकारी और सही मार्गदर्शन किसानों तक पहुंचे, तो पशुपालन और डेयरी क्षेत्र में नई संभावनाओं के द्वार खुल सकते हैं।